सिवनी। सिवनी कलेक्टर नेहा मीना एक बार फिर अपनी संवेदनशील कार्यशैली को लेकर चर्चा में हैं। औचक निरीक्षण के दौरान उन्होंने आंगनबाड़ी केंद्र पहुंचकर बच्चों के बीच समय बिताया, उनके साथ भोजन किया और अपने हाथों से बच्चों को खाना खिलाकर सभी का दिल जीत लिया। उनके इस मानवीय व्यवहार की सोशल मीडिया पर भी खूब सराहना हो रही है।
बच्चों से की पढ़ाई और परिवार की बातें
कलेक्टर नेहा मीना ने कोहका और केकड़वानी आंगनबाड़ी केंद्रों का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने बच्चों से बातचीत कर उनकी पढ़ाई के बारे में जानकारी ली। साथ ही उनके परिवार और दैनिक दिनचर्या के बारे में भी पूछा तथा बच्चों का उत्साह बढ़ाया।
भोजन की गुणवत्ता खुद परखी
निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने आंगनबाड़ी में तैयार भोजन का स्वयं स्वाद चखा। स्टील की थाली में परोसी गई रोटी और सब्जी खाकर उन्होंने भोजन की गुणवत्ता और स्वाद का जायजा लिया। इसके बाद संबंधित कर्मचारियों को निर्देश दिए कि बच्चों को हमेशा पौष्टिक, स्वच्छ और गुणवत्तापूर्ण भोजन उपलब्ध कराया जाए।
अपने हाथों से बच्चों को खिलाया भोजन
जिस भोजन का स्वाद उन्होंने स्वयं चखा, उसी भोजन को उन्होंने बच्चों को अपने हाथों से भी खिलाया। इस दौरान उन्होंने बच्चों से पूछा कि खाना स्वादिष्ट है या नहीं और कहीं ज्यादा तीखा तो नहीं है। बच्चों ने भी मुस्कुराते हुए उनके सवालों का जवाब दिया।
कविताएं सुनीं, बच्चों की बढ़ाई हौसला
कलेक्टर ने बच्चों से कविताएं सुनीं और उनसे वर्णमाला व अंक पहचानने को कहा। बच्चों के अच्छे प्रदर्शन पर उन्होंने उनकी प्रशंसा की और शाबाशी देकर उनका उत्साह बढ़ाया।
सोशल मीडिया पर मिल रही सराहना
कलेक्टर नेहा मीना की इस संवेदनशील पहल की सोशल मीडिया पर जमकर प्रशंसा हो रही है। लोग इसे प्रशासन और आम जनता के बीच भरोसा मजबूत करने वाला कदम बता रहे हैं। उनका यह आत्मीय व्यवहार बच्चों के चेहरों पर मुस्कान लाने के साथ-साथ लोगों के दिलों को भी छू गया।
