बीजापुर। सड़क दुर्घटनाओं पर रोक लगाने और यातायात व्यवस्था को अधिक सुरक्षित बनाने के लिए बीजापुर यातायात पुलिस ने दो दिवसीय विशेष वाहन जांच अभियान चलाया। इस दौरान नियमों की अनदेखी करने वाले वाहन चालकों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करते हुए चालान काटे गए और हजारों रुपए का जुर्माना वसूला गया।
हेलमेट नहीं, सीट बेल्ट नहीं, मोबाइल पर बात करते मिले चालक
24 और 25 जून को शहर के प्रमुख चौक-चौराहों और व्यस्त मार्गों पर चलाए गए अभियान के दौरान बिना हेलमेट वाहन चलाना, ड्राइविंग के समय मोबाइल फोन का इस्तेमाल करना, बिना लाइसेंस वाहन चलाना, दोपहिया पर तीन सवारी बैठाना, नाबालिगों द्वारा वाहन चलाना, सीट बेल्ट नहीं लगाना, तेज रफ्तार में वाहन चलाना और शराब पीकर वाहन चलाने जैसे मामलों में कार्रवाई की गई।
दो दिन में 68 चालान, करीब 24 हजार रुपए का जुर्माना
यातायात पुलिस के अनुसार 24 जून को मोटरयान अधिनियम के तहत 35 प्रकरण दर्ज किए गए, जिनमें 11,300 रुपए का समन शुल्क वसूला गया। वहीं 25 जून को 33 मामलों में 12,700 रुपए का जुर्माना लगाया गया। इस तरह दो दिनों में कुल 68 मामलों में लगभग 24 हजार रुपए की चालानी कार्रवाई की गई।
नाबालिगों के वाहन चलाने पर अभिभावकों को दी गई सख्त चेतावनी
अभियान के दौरान नाबालिगों द्वारा वाहन चलाने के मामलों पर विशेष नजर रखी गई। ऐसे मामलों में पुलिस ने मौके पर ही अभिभावकों को बुलाकर यातायात नियमों और कानूनी प्रावधानों की जानकारी दी। साथ ही भविष्य में बच्चों को वाहन नहीं देने की सख्त हिदायत भी दी गई।
नियम तोड़ने वालों पर आगे भी जारी रहेगी सख्त कार्रवाई
यातायात प्रभारी केशव ठाकुर ने बताया कि सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाने और नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए यह अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा। उन्होंने लोगों से दोपहिया वाहन चलाते समय हेलमेट पहनने, चारपहिया में सीट बेल्ट लगाने, वाहन चलाते समय मोबाइल फोन का उपयोग नहीं करने और निर्धारित गति सीमा का पालन करने की अपील की।
शराब पीकर वाहन चलाने वालों पर होगी कड़ी कार्रवाई
यातायात पुलिस ने स्पष्ट किया कि नशे की हालत में वाहन चलाना गंभीर अपराध है और ऐसे मामलों में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। बार-बार नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों के खिलाफ प्रकरण तैयार कर उन्हें न्यायालय में पेश किया जाएगा, ताकि उनके विरुद्ध सख्त कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके।
जागरूकता बढ़ाने पर भी प्रशासन का जोर
स्थानीय प्रशासन ने भी इस अभियान का समर्थन करते हुए कहा कि सड़क सुरक्षा केवल पुलिस की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक का कर्तव्य है। पुलिस ने लोगों से अपील की कि वे चालान के डर से नहीं, बल्कि अपनी और दूसरों की सुरक्षा के लिए यातायात नियमों का पालन करें। इस अभियान के बाद शहर में सड़क सुरक्षा और यातायात नियमों के प्रति लोगों में जागरूकता बढ़ने की उम्मीद जताई जा रही है।
