रायपुर। अंतरराष्ट्रीय एथलेटिक्स में छत्तीसगढ़ का नाम रोशन करने वाले धावक अनिमेष कुजूर की उपलब्धियों पर प्रदेश में खुशी का माहौल है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने अनिमेष और उनके माता-पिता से मुलाकात कर उन्हें बधाई दी और उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं। मुख्यमंत्री ने अनिमेष की मेहनत और समर्पण को युवाओं के लिए प्रेरणादायक बताया।
पिता बोले- जो मैं नहीं कर पाया, बेटे ने कर दिखाया
अनिमेष की सफलता से उनके पिता अमृत कुजूर भावुक हैं। वे खुद कॉलेज के दिनों में एथलीट रहे हैं और लगातार चार साल तक कॉलेज चैंपियनशिप में हिस्सा लिया था। हालांकि, उचित मार्गदर्शन नहीं मिलने के कारण वे खेल में आगे नहीं बढ़ सके।
अमृत कुजूर ने कहा कि उन्होंने बेटे को उसकी पसंद के खेल में आगे बढ़ने की पूरी स्वतंत्रता दी। आज बेटे की उपलब्धियां देखकर उन्हें गर्व महसूस होता है।
उन्होंने कहा, “पहले लोग मुझे मेरे काम से कम जानते थे, अब बेटे के रिकॉर्ड से ज्यादा जानने लगे हैं। बच्चे के नाम से माता-पिता का नाम रोशन हो, इससे बड़ी खुशी कुछ नहीं।”
बलौदाबाजार पुलिस ने भी दी बधाई
अनिमेष के परिवार का बलौदाबाजार से भी गहरा जुड़ाव रहा है। उनके पिता अमृत कुजूर यहां लंबे समय तक ट्रैफिक डीएसपी रहे हैं, जबकि उनकी मां भी पुलिस विभाग में कार्यरत रही हैं। वर्तमान में उनके माता-पिता जशपुर में तैनात बताए गए हैं।
बलौदाबाजार पुलिस ने भी अनिमेष की उपलब्धि पर खुशी जताते हुए इसे मेहनत, अनुशासन और दृढ़ संकल्प का उदाहरण बताया।
अनिमेष की सफलता उन युवाओं के लिए प्रेरणा है, जो सीमित संसाधनों के बावजूद खेल के क्षेत्र में आगे बढ़ने का सपना देखते हैं।
