Raipur : मानसून के आगमन से पहले नगर निगम ने व्यवस्थाओं को मजबूत करने के लिए व्यापक तैयारी शुरू कर दी है। जलभराव रोकने, जल संरक्षण बढ़ाने और राजस्व संग्रह को बेहतर बनाने को लेकर प्रशासन ने स्पष्ट लक्ष्य तय किए हैं और अधिकारियों को सख्त दिशा-निर्देश जारी किए हैं।
टीएल बैठक में तय हुए अहम लक्ष्य और जिम्मेदारियां
महात्मा गांधी सदन स्थित नगर निगम मुख्यालय में आयोजित साप्ताहिक टीएल बैठक में आयुक्त संबित मिश्रा ने सभी जोन अधिकारियों के साथ तैयारियों की समीक्षा की। बैठक में राजस्व वसूली को प्राथमिकता देते हुए सभी 10 जोनों को मिलाकर प्रतिदिन 1 करोड़ रुपये की वसूली का लक्ष्य निर्धारित किया गया।इस कदम को निगम की वित्तीय स्थिति मजबूत करने की दिशा में अहम माना जा रहा है।
बकायादारों पर सख्ती बढ़ाने के निर्देश
निगम प्रशासन ने बड़े बकायादारों की पहचान कर उन्हें नोटिस जारी करने और जरूरत पड़ने पर नियमानुसार कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही नागरिकों को संपत्तिकर जमा करने पर मिलने वाली छूट की जानकारी देकर समय पर भुगतान के लिए प्रेरित करने पर भी जोर दिया गया है।
जल संरक्षण और रेन वाटर हार्वेस्टिंग पर फोकस
बैठक में मानसून पूर्व तैयारियों को लेकर विशेष चर्चा हुई। आयुक्त ने निर्देश दिए कि बारिश शुरू होने से पहले शहर के अधिक से अधिक क्षेत्रों में रेन वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम स्थापित किए जाएं।
विशेष रूप से उन इलाकों को प्राथमिकता देने की बात कही गई जहां हर साल जलभराव की समस्या गंभीर हो जाती है। इस पहल से भूजल स्तर सुधारने और जल संरक्षण को मजबूती मिलने की उम्मीद है।
अवैध निर्माणों पर सख्त कार्रवाई की तैयारी
शहर में बढ़ते अवैध निर्माणों पर भी निगम ने सख्त रुख अपनाने के निर्देश दिए हैं। सभी जोन अधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में ऐसे निर्माणों की पहचान कर तुरंत कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा गया है।
मानसून से पहले मजबूत शहरी व्यवस्था का लक्ष्य
नगर निगम का पूरा फोकस इस समय शहर की बुनियादी व्यवस्थाओं को दुरुस्त करने पर है ताकि बारिश के दौरान जलभराव और अन्य समस्याओं से राहत मिल सके। बैठक में मौजूद वरिष्ठ अधिकारियों ने इन योजनाओं को समयबद्ध तरीके से लागू करने पर सहमति जताई।
