छत्तीसगढ़ : नौतपा की शुरुआत के साथ ही गर्मी ने विकराल रूप लेना शुरू कर दिया है। तेज धूप और लू के थपेड़ों ने लोगों का घर से निकलना मुश्किल कर दिया है। मौसम विभाग के अनुसार रविवार को राजनांदगांव प्रदेश का सबसे गर्म जिला रहा, जहां अधिकतम तापमान 45.5 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया।वहीं राजधानी रायपुर के माना एयरपोर्ट क्षेत्र में भी तापमान 45 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया, जिससे दिनभर लोगों को भीषण गर्मी का सामना करना पड़ा।
गर्म हवाओं ने बढ़ाई परेशानी, कई जिलों में लू का असर साफ
पिछले 24 घंटों के दौरान पूरे प्रदेश में मौसम शुष्क बना रहा। कई जिलों में लू और तेज गर्म हवाओं का असर देखने को मिला। दोपहर के समय सड़कें सूनी नजर आईं और लोग गर्मी से बचने के लिए घरों में कैद रहने को मजबूर दिखे।मौसम विभाग का कहना है कि तापमान में भले ही ज्यादा बदलाव नहीं हुआ हो, लेकिन गर्म हवाओं ने हालात और कठिन बना दिए हैं। दक्षिण बिहार और आसपास बने चक्रवाती परिसंचरण का असर छत्तीसगढ़ के मौसम पर भी दिखाई दे रहा है।
आज भी नहीं मिलेगी राहत, 45 डिग्री के आसपास रह सकता है तापमान
मौसम विभाग के अनुसार आज भी रायपुर समेत मध्य छत्तीसगढ़ के कई जिलों में तापमान 45 डिग्री सेल्सियस के करीब बना रह सकता है। इसके साथ ही कई इलाकों में ग्रीष्म लहर चलने की संभावना जताई गई है।कुछ क्षेत्रों में गरज-चमक के साथ तेज हवाएं चल सकती हैं, जिनकी रफ्तार 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंचने का अनुमान है।
अगले चार दिन बेहद भारी, मौसम विभाग ने जारी किया अलर्ट
मौसम विभाग ने साफ किया है कि अगले चार दिनों तक प्रदेश में तापमान में कोई बड़ी गिरावट देखने को नहीं मिलेगी। मध्य और दक्षिण छत्तीसगढ़ के कई हिस्सों में हीटवेव का असर लगातार बना रह सकता है।26 मई से 28 मई तक कई जिलों में लू चलने की चेतावनी जारी की गई है। मौसम विभाग ने लोगों को दोपहर के समय जरूरी काम होने पर ही बाहर निकलने की सलाह दी है।
बारिश और वज्रपात की भी संभावना, मौसम बदलने के संकेत
भीषण गर्मी के बीच कुछ इलाकों में हल्की बारिश, गरज-चमक और वज्रपात की संभावना भी जताई गई है। हालांकि इससे गर्मी से ज्यादा राहत मिलने की उम्मीद फिलहाल कम दिखाई दे रही है।विशेषज्ञों का मानना है कि बंगाल की खाड़ी से नमी बढ़ने के बाद आने वाले दिनों में मौसम का मिजाज धीरे-धीरे बदल सकता है।
