पंचांग : सोमवार को इस शुभ मुहूर्त में की गई पूजा कभी नहीं जाती खाली, जानें सटीक समय

2 Min Read

पंचांग  : आज 04 मई, 2026 सोमवार, के दिन ज्येष्ठ महीने की कृष्ण पक्ष तृतिया तिथि है. इस तिथि के देवता अग्नि है. यह तिथि नए निर्माण करने के साथ-साथ किसी भी तरह की कलात्मक गतिविधियों के लिए अच्छी मानी जाती है.

4 मई का पंचांग :

  • विक्रम संवत : 2082
  • मास : ज्येष्ठ
  • पक्ष : कृष्ण पक्ष तृतिया
  • दिन : सोमवार
  • तिथि : कृष्ण पक्ष तृतिया
  • योग : परिध
  • नक्षत्र : अनुराधा
  • करण : वणिज
  • चंद्र राशि : वृश्चिक
  • सूर्य राशि : मेष
  • सूर्योदय : 05:37:00 AM
  • सूर्यास्त : 06:58:00 PM
  • चंद्रोदय : 21:42
  • चंद्रास्त : 06:52
  • राहुकाल : 07:17 से 08:58
  • यमगंड : 10:38 से 12:18

आज का नक्षत्र
आज के दिन चंद्रमा वृश्चिक राशि और अनुराधा नक्षत्र में रहेगा. यह नक्षत्र वृश्चिक राशि में 3:20 से लेकर 16:40 तक फैला हुआ है. इसके शासक ग्रह शनि है और देवता मित्र देव है, जो 12 आदित्यों में से एक है. यह सौम्य स्वभाव का नक्षत्र है. चंद्रमा वृश्चिक राशि और अनुराधा नक्षत्र में स्थित होकर आज संबंधों में संतुलन और सहयोग का संकेत दे रहा है. शनि के प्रभाव से धैर्य, अनुशासन और मेहनत से कार्यों में सफलता मिलने के योग बनते हैं. मित्र देव के प्रभाव से मित्रता, सहयोग और सकारात्मक संबंधों को मजबूत करने का अच्छा समय रहेगा.

आज के दिन का वर्जित समय
आज के दिन 07:17 से 08:58 बजे तक राहुकाल रहेगा. ऐसे में कोई शुभ कार्य करना हो, तो इस अवधि से परहेज करना ही अच्छा रहेगा. इसी तरह यमगंड, गुलिक, दुमुहूर्त और वर्ज्यम से भी परहेज करना चाहिए.

Share this Article